🔹 जोधपुर मिष्ठान भंडार पर 15 हजार रुपए का जुर्माना
खातीपुरा मोड़, क्वींस रोड स्थित जोधपुर मिष्ठान भंडार के निरीक्षण के दौरान पैकर पंजीकरण नहीं मिला। इसके अलावा मिठाई और नमकीन की पैकिंग पर नियमानुसार आवश्यक जानकारियां भी अंकित नहीं पाई गईं। टीम ने संबंधित पैकेट जब्त कर प्रतिष्ठान पर 15 हजार रुपए का जुर्माना लगाया।
🔹 रावत मिष्ठान भंडार के आउटलेट्स पर भी कार्रवाई
मालवीय नगर स्थित गौरव टावर के रावत मिष्ठान भंडार आउटलेट पर ड्राई फ्रूट्स के गिफ्ट पैकेटों पर आवश्यक जानकारी अंकित नहीं मिली। पैकर पंजीकरण से जुड़ी कमी भी सामने आई। इस पर 5 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया।
वहीं, पोलीविक्ट्री आउटलेट पर मिक्सचर नमकीन, गजक और मठरी के पैकेटों तथा जगतपुरा के महल रोड स्थित आउटलेट पर मिठाई के पैकेटों पर जरूरी जानकारियां नहीं मिलने पर संबंधित प्रतिष्ठानों को नोटिस जारी किए गए।
🔹 अरहम स्वीट्स पर 10 हजार रुपए का जुर्माना
विधिक मापविज्ञान टीम ने अजमेर रोड स्थित निर्माण नगर के अरहम स्वीट्स का भी निरीक्षण किया। यहां पैकर पंजीकरण और पैकेटों पर आवश्यक घोषणाओं से संबंधित कमियां मिलने पर 10 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया।
उपभोक्ताओं के लिए क्यों जरूरी है पैकिंग की जानकारी?
पैक्ड मिठाई, नमकीन और अन्य खाद्य सामग्री खरीदते समय पैकेट पर अंकित आवश्यक विवरण देखना उपभोक्ताओं के लिए महत्वपूर्ण है। निर्धारित नियमों के अनुसार लागू होने वाली जानकारियों में पैकर का विवरण, वस्तु की शुद्ध मात्रा, अधिकतम खुदरा मूल्य (MRP) और अन्य अनिवार्य घोषणाएं शामिल हो सकती हैं।